रिलायंस की एजीएम आज, हो सकती है जियो व रिलायंस रिटेल के आईपीओ की टाइमलाइन को लेकर बड़ी घोषणा

रिलायंस की एजीएम आज, हो सकती है जियो व रिलायंस रिटेल के आईपीओ की टाइमलाइन को लेकर बड़ी घोषणा

मुंबई। रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरआईएल) की वार्षिक आम बैठक (एजीएम) आज आयोजित होगी। बैठक का निवेशकों और शेयर बाजार पर विशेष प्रभाव रहता है, क्योंकि मुकेश अंबानी इस मंच से भविष्य की दिशा और बड़े ऐलान करते हैं। इस बार की एजीएम को लेकर निवेशकों की सबसे बड़ी उम्मीद रिलायंस जियो और रिलायंस रिटेल के आईपीओ की टाइमलाइन से जुड़ी है। 2019 में कंपनी ने कहा था कि 5 साल में इन दोनों कंपनियों का आईपीओ आएगा, लेकिन अभी तक कोई जानकारी नहीं आई है। इस बार निवेशकों को उम्मीद है कि अंबानी इस एजीएम में बारे में कोई स्पष्ट संकेत देंगे। रिलायंस जियो और रिलायंस रिटेल का अलग-अलग लिस्ट होना निवेशकों के लिए लंबे समय में बड़ी वैल्यू क्रिएशन ला सकता है।

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इसके अलावा इस बार एजीएम में जियो की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस रणनीति पर भी फोकस रहने वाला है। कंपनी जियोब्रेन एआई प्लेटफॉर्म तैयार कर रही है जिससे डिजिटल सेवाओं और एंटरप्राइज सॉल्यूशन्स में नई संभावनाएं खुल सकती हैं। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आने वाले सालों की सबसे बड़ी टेक्नोलॉजी क्रांति मानी जा रही है और इस दिशा में रिलायंस की गंभीरता निवेशकों के लिए सकारात्मक मानी जाएगी। निवेशक रिलायंस के नए ऊर्जा कारोबार से भी बड़ी उम्मीद लगाए बैठे हैं। कंपनी ने सौर ऊर्जा और बैटरी निर्माण के लिए गीगा फैक्ट्री पर काम तेज किया है। आने वाले एक से दो साल में इनके व्यावसायिक स्तर पर पूरी तरह चालू होने की संभावना है। यह कारोबार कंपनी के भविष्य के मुनाफे में बड़ा योगदान दे सकता है। अगर एजीएम में इस क्षेत्र में प्रगति और नई तकनीक जैसे पेरोव्स्काइट पर कोई अपडेट मिले तो यह निवेशकों के लिए अच्छा संकेत होगा।

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बड़ी घोषणा पर तेजी पकड़ सकता स्टॉक

यूएसबी, सीएलएसए, जेपी मॉर्गन और नुवामा जैसी बड़ी फर्म्स ने शेयर पर बाय या आउटपरफॉर्म रेटिंग दी है और 1,550 से 1,800 रुपए तक के टारगेट दिए हैं। उनका मानना है कि आने वाले 12-18 महीनों में कंपनी में वैल्यू अनलॉकिंग की बड़ी संभावना है, खासकर जियो और रिटेल के अलग लिस्टिंग और नए ऊर्जा कारोबार से। हालांकि, अल्पकालिक उतार-चढ़ाव से इनकार नहीं किया जा सकता, क्योंकि शेयर हाल के दिनों में 2-3% गिरा है और एजीएम से उम्मीदें सीमित हैं। यही कारण है कि अगर एजीएम में कोई बड़ी घोषणा की गई तो स्टॉक तेजी पकड़ सकता है। कुल मिलाकर, रिलायंस आज भी भारतीय बाजार का सबसे बड़ा दांव है और लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह शेयर आकर्षक विकल्प है।

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