पहली से आठवीं तक के बच्चों की पढ़ाई आसान बनाएगा ‘जादुई पिटारा’

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एजुकेशन सिस्टम को बेहतर बनाने के लिए सरकार ने नई शिक्षा नीति 2020 लागू की है। इसमें एक नया स्टडी मटेरियल जारी किया गया है, जिसे 'जादुई पिटारा' नाम दिया गया है। इसकी सप्लाई करीब 29 हजार स्कूलों में की जाएगी। एक हजार बॉक्स पीएमश्री स्कूलों के लिए हैं। प्रदेश में पहली से आठवीं कक्षा के छात्रों की संख्या साल 2024-25 में 91 लाख थी।
स्कूलों में ही रहेगी एनसीईआरटी की किट
एनसीईआरटी की यह किट सभी स्कूलों में रखी जाएगी। इससे हर वर्ष प्रवेशित बच्चे किट के उपयोग से नई-नई चीजें सीखेंगे। इसमें मिलने वाले सामान की अनुमानित कीमत करीब 12 हजार रुपए है। यानी प्रदेश के स्कूलों में दिए जाने वाले जादुई पिटारा की कुल लागत करीब 36 करोड़ रुपए होगी।
जानें इसमें क्या है खास
इसे प्लेबुक, खिलौने, पहेलियां, कठपुतलियां, पोस्टर, फ्लैश कार्ड, कहानी की किताबें, वर्कशीट, एनिमेशन, स्थानीय संस्कृति, सामाजिक संदर्भ, भाषाओं को मिलाकर तैयार किया गया है।
















